
बिहार चुनाव: एनडीए ने पूरा चुनावी शंखनाद किया, नीतीश कुमार का नेतृत्व कायम
बिहार विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अब एनडीए पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। भाजपा और जदयू दोनों ने अपने-अपने 101-101 उम्मीदवारों की सूची घोषित कर दी है। इस बार नीतीश कुमार सीधे ‘मुख्य नेता’ की भूमिका में नहीं हैं, फिर भी एनडीए का नेतृत्व उन्हीं के हाथ में है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्पष्ट कर दिया है कि चुनाव नीतीश कुमार के मार्गदर्शन में ही लड़ा जाएगा, जबकि मुख्यमंत्री पद का फैसला विधायक दल के विचार से होगा।
अमित शाह का बयान: सीएम का फैसला विधायक दल करेगा
पटना में गुरुवार रात हुई एनडीए कोर कमेटी की बैठक के बाद, अमित शाह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि “इस समय चुनाव एनडीए नीतीश कुमार के नेतृत्व में ही लड़ रहा है। जनता और भाजपा दोनों को नीतीश कुमार पर भरोसा है। मुख्यमंत्री पद का फैसला चुनाव के बाद विधायक दल करेगा।”
नीतीश से मुलाकात और चुनावी कार्यक्रम
अमित शाह दो दिन के बिहार दौरे पर हैं। वे आज पटना में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करेंगे। इसके बाद वे छपरा रवाना होंगे, जहां तरैया सीट से भाजपा के विधायक जनक सिंह के नामांकन कार्यक्रम में शामिल होंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे।
सीटवार रणनीति पर बैठक
भाजपा सूत्रों के अनुसार, शाह ने गुरुवार रात राज्य स्तरीय नेताओं के साथ बैठक में सीटवार तैयारियों की समीक्षा की और प्रचार रणनीति को अंतिम रूप दिया। भाजपा नेता दिलीप जायसवाल ने कहा कि शाह ने साफ संदेश दिया कि गठबंधन पूरी तरह नीतीश कुमार के नेतृत्व में चुनाव में उतरेगा।
भाजपा ने विपक्षी गठबंधन पर किया प्रहार
भाजपा नेताओं ने महागठबंधन पर भी निशाना साधते हुए कहा कि 14 नवंबर के बाद चुनाव परिणाम आने पर आरजेडी नेता तेजस्वी यादव रोजगार की तलाश में रहेंगे। पार्टी का मानना है कि जनता विकास बनाम वंशवाद के मुद्दे पर फिर से नीतीश कुमार को मौका देगी।