धनबाद। सरायढेला थाना क्षेत्र में बीसीसीएल की जमीन पर विगत करीब 50 वर्षों से रह रहे एक परिवार के साथ पुलिस द्वारा दुर्व्यवहार और मारपीट किए जाने का आरोप सामने आया है। आरोप है कि मंगलवार को सरायढेला थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घर खाली कराने के दबाव में महिलाओं व बच्चों के साथ अभद्र व्यवहार किया। इस दौरान एक गर्भवती महिला के साथ पुरुष पुलिसकर्मी द्वारा मारपीट किया गया।
जानकारी के अनुसार, जगजीवन नगर स्थित बीसीसीएल की जमीन पर रामकृष्ण शिक्षा एवं जन कल्याण चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा बिरसा पब्लिक स्कूल का संचालन किया जा रहा है, जहां जिले भर से आदिवासी समुदाय के लगभग 50 बच्चे रहकर पढ़ाई करते हैं। स्कूल के प्राचार्य ने सरायढेला थाना में शिकायत दी थी, जिसमें वहां रह रहे परिवार पर गाय काटने और उसका सिर आसपास फेंकने का आरोप लगाया गया था।
इसी शिकायत के आधार पर पुलिस मौके पर पहुंची। पीड़ित गर्भवती महिला शहनाज खातून ने आरोप लगाया कि पुरुष एसआई ने गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट की और शाम 4 बजे तक थाना आने का दबाव बनाया। महिला ने बताया कि इलाज चलने के बावजूद उन्हें थप्पड़ मारा गया और एक साल के बच्चे के साथ भी दुर्व्यवहार किया गया।
घटना की जानकारी मिलने पर भाजपा नेत्री रीता प्रसाद मौके पर पहुंचीं। उन्होंने बताया कि महिला की हालत बिगड़ने लगी, जिसके बाद एंबुलेंस बुलाकर उसे शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया। रीता प्रसाद ने प्रशासन से दोषी पुलिसकर्मियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
वहीं पीड़ित महिला की मां ने कहा कि उनका परिवार पिछले 50 वर्षों से वहां रह रहा है। हम उतना मीट मछली नहीं खाते हैं और हम पर जो आरोप लगाया जा रहा है वह झूठा है हम प्रशासन शामिल करते हैं कि हमें दिखाई जाए हमने कहां गाय का सर काट कर फेंके है।