धनबाद, 10 फरवरी 2025: फाइलेरिया उन्मूलन के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सुश्री माधवी मिश्रा ने सोमवार को सदर अस्पताल में मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (MDA) अभियान का शुभारंभ स्वयं डीईसी एवं एल्बेंडाजोल की गोली खाकर किया।उपायुक्त ने कहा कि 11 से 25 फरवरी तक स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर दवा खिलाएंगे। उन्होंने धनबादवासियों से इस अभियान में सहयोग करने और फाइलेरिया मुक्त जिले के निर्माण में योगदान देने की अपील की।
कैसे दी जाएगी दवा?1-2 साल के बच्चों को: एल्बेंडाजोल की आधी गोली (200 एमजी) पानी में घोलकर दी जाएगी।2-5 साल के बच्चों को: डीईसी की एक गोली (100 एमजी) और एल्बेंडाजोल की एक गोली (400 एमजी)।6-14 साल के बच्चों को: डीईसी की दो गोली (200 एमजी) और एल्बेंडाजोल की एक गोली।15 साल से अधिक उम्र के लोगों को: डीईसी की तीन गोली (300 एमजी) और एल्बेंडाजोल की एक गोली।गर्भवती महिलाओं, गंभीर बीमार व्यक्तियों और 1 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को दवा नहीं दी जाएगी।
भूखे पेट नहीं लेनी है दवाउपायुक्त ने स्पष्ट किया कि यह दवा खाली पेट नहीं लेनी चाहिए। एक बार सालाना डीईसी और एल्बेंडाजोल का सेवन करने से फाइलेरिया जैसी लाइलाज बीमारी को रोका जा सकता है।
इस मौके पर उपायुक्त ने फाइलेरिया से पीड़ित दो मरीजों को विशेष किट प्रदान की।
इस कार्यक्रम में सिविल सर्जन डॉ. चंद्रभानु प्रतापन, सदर अस्पताल के नोडल डॉ. राजकुमार सिंह, डब्ल्यूएचओ के सर्विलांस मेडिकल ऑफिसर डॉ. अमित कुमार तिवारी, वीबीडी पदाधिकारी डॉ. सुनील कुमार, वीबीडी सलाहकार श्री रमेश कुमार सिंह, डीएलओ डॉ. मंजू दास और शुभम कुमार सहित कई अधिकारी व स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित थे।