जेएसएससी सीजीएल पेपर लाइक में सीआईडी ने नया केस दर्ज किया है
जेसी सीजीएल पेपर लाइक केस में पुलिस की ओर से बड़ा कदम उठाया गया है। इस मामले में सी डाटाबेस ने सबसे पहले एक केस टेकओवर किया है। अब सी डेटाबेस ने नया केस दर्ज किया है। यह केस जेएसएससी की ओर से दर्ज शिकायत के बाद दिया गया है।
.
जेसी की ओर से सी दस्तावेजों में दर्ज किए गए दस्तावेजों से पता चला है कि 21 और 22 सितंबर को परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा पूरी तरह से कडाचार वी पेपर लाइक से मुक्त थी, लेकिन परीक्षा के बाद कुछ लोगों ने फर्जी वीडियो और तस्वीरें वायरल कर परीक्षा की सलाह पर सवाल उठाए हैं।
दोनों केएस की जांच पड़ताल संस्था
पेपर लिंक माले में एक याचिका रातू स्टेशन में दर्ज की गई है। यह मामला 18 दिसंबर को राजेश कुमार का बयान दर्ज हुआ था। केस के आयो अमर पांडे बनाये गये थे। इस केस को भी सी डॉक्यूमेंट ने टेकओवर किया है। इस केस और जेएसएससी की याचिका पर केस की संयुक्त जांच की गई। इसके लिए सी. एनोटेट के नेतृत्व में टीम बनी हुई है।
उच्च न्यायालय ने तत्काल दस्तावेज़ कर जांच के आदेश दिए
जेसी सीजीएल पेपर लाइक केस में झारखंड के उच्च न्यायालय में पूछताछ की गई है। मुख्य न्यायाधीश माइकल राव और जस्टिस दीपक की खण्डपीठ ने अंतिम चरण में प्रवेश करने का निर्देश दिया। साथ ही कहा सीजीएल परीक्षा-2023 के अगले आदेश तक घोषित न करने की भी बात कही।
राज्य सरकार के मुख्य सचिव, गृह विभाग के प्रधान सचिव व प्रति सदर थान प्रभारी को प्रार्थियों द्वारा जारी शिकायत पर स्थायी अवशेष दर्ज करने, शिकायत की जांच करने और अगली सुनवाई की तारीख तक जांच का स्टेटस रिपोर्ट जारी करने का निर्देश दिया गया है।
आम लोगों और अनुयायियों से मदद की अपील
झारखंड पुलिस सी डेटाबेस जांच और डेटाबेस के साथ-साथ आम लोगों और धारियों से भी मदद की छूट है। पुलिस ने सबूत के तौर पर एक अपील की है। अयोग्य अनुराग गुप्ता के अनुसार राज्य में विज्ञापन के माध्यम से आम लोगों तक सूचना दी गई है कि किसी भी व्यक्ति के पास के पेपर लाइक से कोई प्रतीकात्मक हो तो इसे सी दस्तावेज़ को उपलब्ध कराएं। इन चिह्नों को भी जांच में शामिल किया जाएगा। ———————- इस खबर में जेएसएससी सीजीएल पेपर का लिंक शामिल है…. जेएसएससी सीजीएल परीक्षा की सीआईडी जांच शुरू:रांची से काठमांडू तक पेपर लाइक के आरोप, बड़े वर्ग के छात्रों को ले जाना था लाभ

जेएसएससी सीजीएल परीक्षा की सीआईडी जांच शुरू हो गई है। इस जांच का आधार रातू मंदिर में रात्री निवासी प्रसाद की याचिका पर दर्ज राजेश की शिकायत है। दर्ज दस्तावेज़ में कई तरह के आरोप लगाए गए हैं। वहीं कई अहम जानकारियां भी दी गई हैं। जिसमें मेन्स ने बताया कि 26 सितंबर को जेएसएससी कार्यालय के सामने कुछ छात्रों के बीच चर्चा हो रही थी।
जहां कहा जा रहा था कि परीक्षा की तारीख दो-तीन दिन पहले आसनसोल के किसी होटल और नियामतपुर के एक विवाह भवन में छात्रों को इकट्ठा कर प्रश्न और उनके उत्तर बताए गए हैं। इसी तरह के पौधे, रांची, मांडू, दिल्ली और काठमांडू में भी प्रश्न पत्र लाइक हो गए। आरोप है कि एक बड़े वर्ग के यात्रियों की परीक्षा के लिए प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने की तैयारी की गई। उन्हें ही लाभ पहुंचाना था। पूरी खबर यहां पढ़ें…