करम पर्व के अवसर पर जुटेंगे हजारों लोग, भाषा-संस्कृति और सामाजिक पहचान के मुद्दे भी उठेंगे
धनबाद: कुड़मी समाज को आदिवासी (एसटी) सूची में शामिल करने की मांग को लेकर आंदोलन एक बार फिर तेज होने लगा है। आदिवासी कुड़मी समाज, झारखंड राज्य समिति ने आगामी 20 सितंबर 2026 को कोड़ाडीह में करम पर्व के अवसर पर करम/महाजुटान आयोजित करने का निर्णय लिया है। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए समाज ने व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने की रणनीति तैयार की है।
इसी सिलसिले में लोपचांची वाटर बोर्ड स्थित लेक व्यू रेस्ट हाउस में समाज की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष शंसाक शेखर महतो ने की, जबकि संचालन प्रदेश मुख्य महासचिव डॉ. निरिश कुमार महतो ने किया।
बैठक में मुख्य वक्ता मूलमानता अजीत प्रसाद महतो, केंद्रीय उपाध्यक्ष हीरा लाल महतो, महासचिव ज्योतिष्वर नाथ/नारायण महतो, केंद्रीय संयोजक (भाषा-संस्कृति) डॉ. दीपक पुनियार, प्रदेश अध्यक्ष रंजन नाथ महतो, प्रदेश सलाहकार अधिवक्ता तारेश्वर महतो, प्रदेश सचिव मणि लाल बंसरी/बंशीधर, मन्दू महतो, हलधर महतो, डॉ. धनशेखर विद्यार्थी, संतोष कुमार महतो, बिष्णुभान महतो और सुबोध प्रसाद महतो सहित समाज के कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे।
एस टी दर्जे की मांग पर बनी रणनीति
बैठक में कुड़मी समाज को आदिवासी सूची में शामिल करने की मांग को लेकर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। वक्ताओं ने कहा कि समाज की भाषा, संस्कृति, परंपरा और सामाजिक पहचान से जुड़े मुद्दों को भी मजबूती से उठाने की जरूरत है। आगामी महाजुटान को आंदोलन की दिशा में महत्वपूर्ण पड़ाव बताते हुए इसे व्यापक स्तर पर सफल बनाने का आह्वान किया गया।
बैठक में निर्णय लिया गया कि 20 सितंबर के कोड़ाडीह महाजुटान को लेकर गांव-गांव और क्षेत्रवार जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा। समाज के अधिक से अधिक लोगों को कार्यक्रम से जोड़ने और उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
कार्यक्रम की तैयारियों में सदानंद महतो, सुरेश प्रसाद महतो, मधुसूदन महतो, विनोद बिहारी महतो, रोहन महतो, रमेश प्रसाद महतो, उप्रकाश महतो, मुरलीधर महतो सहित अन्य लोगों की सराहनीय भूमिका रही।